Sunday, September 20, 2026
  • भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट
  • संपर्क
  • लॉगिन
MP Ki Awaaz
[metaslider id="337239"]
  • मुख्यप्रष्ठ
  • इंदौर
  • उज्जैन
  • आगर
  • देवास
  • मध्यप्रदेश
    • खंडवा
    • ग्वालियर
    • छतरपुर
    • देवास
    • नरसिंहपुर
    • नागदा
    • भोपाल
    • मंदसौर
    • मंदसौर
    • रतलाम
    • शाजापुर
    • शुजालपुर
    • सारंगपुर
    • सांवेर
  • राज्य
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • गुजरात
    • गोवा
    • छत्तीसगढ़
    • दिल्ली/NCR
    • पंजाब
    • बिहार
    • महाराष्ट्र
      • मुंबई
    • राजस्थान
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • धार्मिक
  • लाइफ स्टाइल
No Result
View All Result
MP Ki Awaaz
Follow
  • मुख्यप्रष्ठ
  • इंदौर
  • उज्जैन
  • आगर
  • देवास
  • मध्यप्रदेश
  • राज्य
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • लाइफ स्टाइल
  • धार्मिक
  • भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट
  • संपर्क
  • लॉगिन
ब्रेकिंग
कटनी के निमास शासकीय माध्यमिक शाला में IHRCT का जनहितकारी अभियान 26 छात्र-छात्राओं के नि:शुल्क बैंक ... उज्जैन में भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित सुभाष चंद्र दुबे बने मध्यप्रदेश... देवास के कांटाफोड़ में जंगल के बीच चल रही थी जुए की महफिल… रोजड़ी में फिर शेर का हमला… ग्रामीणों में डर, नाराजगी और आक्रोश, प्रशासन से बड़ा सवाल—अब कार्रवाई कब... विश्वकर्मा जयंती पर नागदा में भव्य आयोजन, राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह यादव एवं IHRCT टीम ने महाआरती... ऑपरेशन प्रहार के तहत थाना बैंक नोट प्रेस पुलिस की कार्यवाही देवास में सरकारी शिक्षिका के घर से सोने के जेवर चोरी: बेटे से मिलने आई थी इंदौर; CCTV में दिखे तीन आ... हाटपीपल्या पुलिस की बड़ी कामयाबी: महिला-बच्चों का अपहरण कर भागे आरोपी को 2000 किलोमीटर दूर से दबोचा गणेश चतुर्थी पर बिरलाग्राम चौक नागदा में IHRCT टीम ने की भगवान श्री गणेश की भव्य महाआरती देवास पुलिस की रातभर सख्ती: 616 वाहनों की चेकिंग, 5 संदिग्ध बाइक जब्त कर जांच में

बीमा कंपनी की अनदेखी भारी पड़ी, कोर्ट ने इलाज का पूरा पैसा और ब्याज समेत देने का आदेश दिया

MP Ki Awaaz by MP Ki Awaaz
December 28, 2025
in व्यापार

अक्सर हम और आप हेल्थ इंश्योरेंस यह सोचकर खरीदते हैं कि बीमारी के मुश्किल वक्त में हमें आर्थिक सुरक्षा मिलेगी. लेकिन क्या हो जब अस्पताल के भारी-भरकम बिल के सामने बीमा कंपनी नियमों का हवाला देकर पल्ला झाड़ ले? चंडीगढ़ में एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां कंज्यूमर कोर्ट ने बीमा कंपनी की मनमानी पर सख्त रुख अपनाया है.

9 दिसंबर, 2025 को आए एक अहम फैसले में, जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग, चंडीगढ़ ने स्पष्ट किया है कि कोई भी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी क्लेम के पैसे यह कहकर नहीं काट सकती कि बीमारी ‘एक्सक्लूजन क्लॉज’ (अपवाद) में आती है, जब तक कि पॉलिसी बेचते समय ग्राहक को इन शर्तों के बारे में साफ-साफ बताया न गया हो. कोर्ट ने स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस कंपनी को फटकार लगाते हुए पॉलिसीधारक को पूरा क्लेम ब्याज समेत चुकाने का आदेश दिया है.

2.25 लाख का बिल लेकिन कंपनी ने दिए सिर्फ 69 हजार

दरअसल, एक शख्स ने अपने और परिवार की सुरक्षा के लिए स्टार हेल्थ का ‘फैमिली हेल्थ ऑप्टिमा इंश्योरेंस प्लान’ लिया था. जुलाई 2021 में उन्होंने 22,875 रुपये का प्रीमियम भरकर पॉलिसी रिन्यू कराई. पॉलिसी के तहत उन्हें 10 लाख रुपये का बेसिक कवर और बोनस मिलाकर काफी बड़ी रकम का सुरक्षा कवच मिला हुआ था.

मुसीबत तब आई जब पॉलिसीधारक की पत्नी की जुलाई 2022 में कानपुर के एक अस्पताल में बेरिएट्रिक सर्जरी हुई. अस्पताल का कुल खर्चा 2.25 लाख रुपये आया. जब यह बिल बीमा कंपनी को भेजा गया, तो कंपनी ने विभिन्न कटौतियों का हवाला देते हुए 2.25 लाख रुपये के दावे में से केवल 69,958 रुपये ही मंजूर किए. यानी सीधे तौर पर 1.55 लाख रुपये की कटौती कर दी गई. कंपनी के इस रवैये से परेशान होकर पीड़ित ने कंज्यूमर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया.

कंपनी की दलील, ‘पॉलिसी लेते वक्त सब बताया था’

कोर्ट में स्टार हेल्थ ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि उन्होंने कोई गलत काम नहीं किया है. कंपनी का तर्क था कि पॉलिसीधारक ने सभी नियम और शर्तें समझने के बाद ही पॉलिसी खरीदी थी. कंपनी ने दावा किया कि पॉलिसी के नियमों के हिसाब से उनकी देनदारी सिर्फ 69,958 रुपये ही बनती थी, जिसे उन्होंने अस्पताल को चुका दिया है. कंपनी ने यह भी कहा कि ग्राहक द्वारा मांगा गया क्लेम बढ़ा-चढ़ाकर बताया गया है और उनकी सेवा में कोई कमी नहीं थी.

‘छिपी शर्तें थोपना गलत, पूरा पैसा चुकाना होगा’

कंज्यूमर कमीशन ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद कंपनी की दलीलों को खारिज कर दिया. कोर्ट ने एक बहुत ही महत्वपूर्ण बात कही बीमा अनुबंध ‘अत्यधिक अच्छे विश्वास’ (Utmost Good Faith) के सिद्धांत पर आधारित होते हैं. यह जिम्मेदारी सिर्फ ग्राहक की नहीं, बल्कि कंपनी की भी है.

कोर्ट ने पाया कि इस बात का कोई सबूत नहीं है कि पॉलिसी जारी करते समय ग्राहक को उन ‘एक्सक्लूजन क्लॉज’ के बारे में बताया गया था, जिनके आधार पर क्लेम काटा गया. न ही ग्राहक ने ऐसी किसी शर्त पर हस्ताक्षर किए थे. आयोग ने कहा कि मनमाने ढंग से क्लेम काटना सेवा में कमी और अनुचित व्यापार व्यवहार है.

कोर्ट ने स्टार हेल्थ को कड़ा आदेश देते हुए कहा है कि वह बकाया क्लेम राशि यानी 1,55,042 रुपये का भुगतान करे. इतना ही नहीं, शिकायत दर्ज कराने की तारीख (9 अगस्त, 2023) से लेकर भुगतान की तारीख तक इस रकम पर 9% सालाना ब्याज भी देना होगा. इसके अलावा, ग्राहक को हुए मानसिक कष्ट और मुकदमे के खर्च के रूप में 20,000 रुपये का अलग से मुआवजा देने का भी आदेश दिया गया है. कंपनी को यह आदेश 45 दिनों के भीतर लागू करना होगा.

Previous Post

Realme का दमदार फोन: 200MP कैमरा और 7000mAh बैटरी के साथ आ रहा मार्केट में

Next Post

अल्पसंख्यक वोटबैंक के भरोसे चुनावी रणनीति, बांग्लादेश में पार्टी ने हिंदुओं का समर्थन किया

Related News

व्यापार

सोना या तेल: आज की दुनिया में कौन है असली ताकतवर?

January 15, 2026
व्यापार

ईरान पर अमेरिकी टैरिफ का भारत पर कोई प्रभाव नहीं, वजह सामने आई

January 14, 2026
व्यापार

भारत में बासमती चावल की कीमतों में गिरावट, ईरान टेंशन का असर

January 13, 2026
व्यापार

कोयला खानों में निवेशक खोज रहे सोने की खान, कंपनी में बढ़ रहा निवेश

January 12, 2026
व्यापार

पहले बजट का सच: अंग्रेजों ने देश की तिजोरी में छोड़ा मामूली धन

January 11, 2026
व्यापार

शेयर बाजार में तेज गिरावट: 5 दिन में दो महीने का नुकसान, सेंसेक्स 84 हजार के नीचे

January 9, 2026
Next Post

अल्पसंख्यक वोटबैंक के भरोसे चुनावी रणनीति, बांग्लादेश में पार्टी ने हिंदुओं का समर्थन किया

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

फॉलो करें

  • Contact us
  • Terms and Conditions
  • Privacy Policy

MP Ki Awaaz © 2025, All Rights Reserved - Design & Developed by SMC Web Solution.

YouTube Instagram X WhatsApp WA Group Channel
No Result
View All Result
  • मुख्यप्रष्ठ
  • इंदौर
  • उज्जैन
  • आगर
  • देवास
  • मध्यप्रदेश
    • खंडवा
    • ग्वालियर
    • छतरपुर
    • देवास
    • नरसिंहपुर
    • नागदा
    • भोपाल
    • मंदसौर
    • मंदसौर
    • रतलाम
    • शाजापुर
    • शुजालपुर
    • सारंगपुर
    • सांवेर
  • राज्य
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • गुजरात
    • गोवा
    • छत्तीसगढ़
    • दिल्ली/NCR
    • पंजाब
    • बिहार
    • महाराष्ट्र
      • मुंबई
    • राजस्थान
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • देश
  • विदेश
  • खेल
  • मनोरंजन
  • व्यापार
  • टेक्नोलॉजी
  • धार्मिक
  • लाइफ स्टाइल
  • भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट
  • संपर्क
  • लॉगिन

MP Ki Awaaz © 2025, All Rights Reserved - Design & Developed by SMC Web Solution.