इंदौर। यातायात व्यवस्था बिगाड़ने वाले ई-रिक्शा पर अब लगाम कसी जा रही है। शहर को सात सेक्टरों में बांटकर हर ई-रिक्शा के लिए सीमित क्षेत्र, तय मार्ग और रंग आधारित पहचान लागू की जाएगी। ई-रिक्शा के व्यवस्थित, सुरक्षित एवं सुगम संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बुधवार को पलासिया स्थित पुलिस कंट्रोल रूम में बैठक हुई।
पुलिस उपायुक्त यातायात आनंद कलादगी ने चालकों से कहा कि आप नए प्रयोग में सहयोग करें। कोई समस्या या आर्थिक नुकसान होता है तो हम बदलाव के लिए तैयार हैं। सेक्टरों को बढ़ा दिया जाएगा। इस व्यवस्था में करीब 30 दिन लगेंगे। फिर एक महीने तक ट्रायल होगा। भविष्य में जरूरत पड़ने पर सेक्टर व्यवस्था में जरूरी सुधार या बदलाव किया जा सकेगा।
विशेष शिविर भी लगाए जाएंगे, ‘पहले आएं, पहले पाएं’ नीति के तहत पंजीयन
आगामी दो दिनों में ई-रिक्शा सेक्टर वितरण के लिए विशेष शिविर लगाए जाएंगे। इसमें यातायात थाना पूर्व (एमटीएच कंपाउंड), यातायात नियंत्रण कक्ष पश्चिम, महू नाका, एसीपी ट्रैफिक जोन-1 कार्यालय मल्हारगंज, डीसीपी ट्रैफिक कार्यालय, पलासिया और एसीपी ट्रैफिक जोन-2 आफिस पिपलियाहाना में ई-रिक्शा चालक अपने वाहन से संबंधित वैध दस्तावेज प्रस्तुत कर सेक्टर पंजीयन करवा सकेंगे। पंजीयन के बाद चालकों को सेक्टर अनुसार सीरियल नंबर स्टीकर प्रदान किए जाएंगे।
शिविर में चालकों को ‘पहले आएं, पहले पाएं’ नीति के तहत पंजीयन किया जाएगा। सेक्टर तय करने के लिए चार से पांच विकल्प होंगे, जिसमें से एक तय करना होगा। चालकों को उनके घर के पास के मार्ग को प्राथमिकता दी जाएगी। आगामी 15 दिन तक रजिस्ट्रेशन होगा। अगले 10 दिन स्टीकर व सेक्टर वितरण होगा।
बैठक में एडिशनल डीसीपी नरेश कुमार अन्नोटिया, एडिशनल डीसीपी संतोष कुमार कौल, एसीपी हिंदूसिंह मुवेल, एसीपी सुप्रिया चौधरी सहित अन्य मौजूद थे। वहीं, इंदौर बैटरी रिक्शा चालक महासंघ पदाधिकारी व संस्थापक राजेश बिड़कर ने कहा कि कुछ कार्यकर्ता निर्णय से संतुष्ट नहीं दिखे। उन्होंने 12 जनवरी को ई-रिक्शा बंद की घोषणा की। सुबह 11 बजे सभी गांधी हाल परिसर में एकत्र होकर विरोध करेंगे।
इस तरह रहेगी व्यवस्था
- ई-रिक्शा के लिए सात कलर कोड रहेंगे।
- हर ई-रिक्शा के आगे-पीछे विशेष स्टीकर लगाए जाएंगे, जिन पर सेक्टर का नाम, ई-रिक्शा का सीरियल नंबर, वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर अंकित रहेगा।
- सवारियों के लिए ई-रिक्शा की पहचान व निगरानी सरल हो सकेगी।
- हर सेक्टर में 20 से 25 किमी का रूट मिल रहा है। स्टैंड भी तय होंगे।
जैसा कि बैठक में पुलिस उपायुक्त यातायात आनंद कलादगी ने बताया..
















Users Today : 1
Total Users : 16555
Views Today : 1
Total views : 29496
Who's Online : 0
Server Time : April 27, 2026 7:08 am